सोने और चांदी के भाव में गिरावट, ₹5000 तक गिरी चांदी, 10 ग्राम गोल्ड आज मिल रहा है इतने में

इंदौर 

 शादियों के सीजन में बड़ी खबर सोने-चांदी के भाव को लकर आ रही है। आज सर्राफा बाजारों में सोना-चांदी के रेट में भारी गिरावट है। 28 अप्रैल को 24 कैरेट गोल्ड का भाव 1629 रुपये सस्ता हो गया है। आज यह 159557 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गया है। चांदी 5381 रुपये सस्ती होकर 238339 रुपये प्रति किलो पर आ गई है।

22 कैरेट गोल्ड और 18 कैरेट के रेट
आईबीजेए के मुताबिक आज 10 ग्राम 22 कैरेट गोल्ड के भाव 1492 रुपये सस्ता होकर 136994 रुपये पर आ गया है। इस पर 3 प्रतिशत जीएसटी नहीं लगा है। जीएसटी समेत यह 141103 रुपये का पड़ेगा। 18 कैरेट गोल्ड का रेट भी आज 1222 टूटकर बिना जीएसटी 112168 रुपये हो गया है। जीएसटी के साथ इसका भाव 115533 रुपये हो जाएगा।

14 और 23 कैरेट गोल्ड के रेट
सर्राफा बजारों में आज 23 कैरेट गोल्ड की कीमत 1623 रुपये गिरकर 148958 रुपये पर पहुंच गई है। जबकि, 14 कैरेट गोल्ड की कीमत 953 रुपये कम होकर 87491 रुपये प्रति 10 ग्राम है। आईबीजेए दिन में दो बार रेट जारी करता है। एक बार दोपहर 12 या सवा 12 बजे के करीब दूसरा 5 बजे के आसपास। अभी यह रेट दोपहर सवा 12 बजे वाला है।

IBJA रेट के मुताबिक अब सोना सर्राफा मार्केट के अपने ऑल टाइम हाई 176121 से 26564 रुपये सस्ता हो गया है। जबकि, चांदी के भाव में ऑल टाइम हाई से 1447594 रुपये की गिरावट दर्ज की गई है। अगर युद्ध के बीच की बात करें तो सोना अबतक 9540 रुपये और चांदी 29561 रुपये गिर चुकी है।

क्यों गिरे सोने-चांदी के दाम
युद्ध के बीच सर्राफा बाजार में सोने-चांदी गिरती की कीमतों के कारणों के बारे में केडिया कमोडिटिज के प्रेसीडेंट अजय केडिया ने बताया कि बाजार नियामकों ने सोने के कारोबार में मार्जिन की दरें बढ़ा दी हैं, जिसका सीधा असर छोटे निवेशकों पर पड़ा है। ऊंची मार्जिन के चलते सट्टेबाजी करने वालों की संख्या में कमी आई है। कीमतों में अब नरमी है।

शेयर बाजार के उतार-चढ़ाव का सीधा असर
जिन निवेशकों को शेयरों में नुकसान उठाना पड़ता है, वे अक्सर अपने दूसरे निवेश को बेचकर पैसा निकालने लगते हैं। सोना-चांदी उनकी पहली पसंद बनता है, क्योंकि यह मुनाफे में होता है। इस बिकवाली के दबाव ने भी सोने और चांदी की कीमतों को नीचे लाने में अहम भूमिका निभाई है। दूसरी ओर अब गोल्ड में इन्वेस्टमेंट की रफ्तार ठंडी पड़ गई है। यही वजह है कि बाजार में अब बड़ी तेजी के आसार फिलहाल नहीं दिख रहे।

डॉलर की मजबूती ने डाला दबाव
अमेरिकी डॉलर में हालिया मजबूती ने भी सोने की कीमतों को कमजोर करने में अहम भूमिका निभाई है। जब डॉलर मजबूत होता है, तो दूसरी मुद्राओं वाले देशों के लिए सोना खरीदना महंगा हो जाता है, जिससे अंतरराष्ट्रीय बाजार में मांग घट जाती है।

Share

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *