Headlines

शहरों की सफाई व्यवस्था को मिली राहत, हड़ताल खत्म कर काम पर लौटे हजारों सफाई कर्मचारी

भोपाल

अखिल भारतीय सफाई मजदूर ट्रेड यूनियन के तत्वावधान में तीन नवंबर से जारी सफाई कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन काम बंद हड़ताल शुक्रवार देर रात समाप्त हुई। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के साथ हुई सकारात्मक वार्ता और प्रमुख मांगों पर मिले ठोस आश्वासन के बाद यूनियन ने हड़ताल वापस लेने का ऐलान किया। हड़ताल खत्म होते ही शहर में रात्रिकालीन सफाई अभियान शुरू कर दिया गया।
यूनियन के प्रतिनिधिमंडल ने सीएम से की मुलाकात

यूनियन के प्रतिनिधिमंडल ने राज्य मंत्री कृष्णा गौर के नेतृत्व में मुख्यमंत्री निवास पहुंचकर डॉ. मोहन यादव से मुलाकात की। यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष मगनलाल झांझोट ने बताया कि सीएम के समक्ष कर्मचारियों के नियमितीकरण, वेतन वृद्धि, अनुकंपा नियुक्ति और ठेका प्रथा समाप्त करने जैसी मुख्य समस्याएं रखी गईं। मुख्यमंत्री ने सभी बिंदुओं को गंभीरता से सुनते हुए एक उच्चस्तरीय कमेटी गठित कर दी है, जो एक माह के भीतर चार प्रमुख मांगों पर प्रक्रिया शुरू करेगी।

ज्ञात हो कि राजधानी में हड़ताल के चलते कचरा उठना बंद हो गया था और चारों तरफ गंदगी का अंबार लग गया था। अब काम दोबारा शुरू होने से शनिवार से शहर की सफाई व्यवस्था पूरी तरह पटरी पर लौट आएगी।

इन प्रमुख मांगों पर बनी सहमति

    नियमितीकरण: विनियमित सफाई कर्मचारियों को नियमित किया जाएगा।
    विनियमितीकरण: जिन दैनिक वेतन भोगी (दैवेभो) कर्मचारियों की सेवा के 10 वर्ष पूर्ण हो चुके हैं, उन्हें विनियमित किया जाएगा।
    वेतन वृद्धि: जो कर्मचारी 10 वर्ष की समय-सीमा के दायरे में नहीं आते, उनका मासिक वेतन बढ़ाकर 18 से 19 हजार रुपये किया जाएगा।
    अनुकंपा नियुक्ति: दिवंगत कर्मचारियों के पति या पत्नी को अनुकंपा नियुक्ति प्रदान की जाएगी।
    ठेका प्रथा: ठेका प्रथा को समाप्त करने के लिए सामान्य प्रशासन विभाग को विधिवत प्रस्ताव भेजा जाएगा।

 

Share

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *