पंजाब में भीषण तपश का दौर शुरू: दिन के साथ रातें भी हुईं गर्म, प्रशासन ने जारी किया अलर्ट

बठिंडा. 
पंजाब में तापमान बढ़ने से गर्मी का प्रकोप तेज हो गया है। बठिंडा और फरीदकोट में पारा रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया है। मौसम विभाग के अनुसार अगले एक हफ्ते तक भीषण लू चलने की संभावना है जिससे लोगों को तपश से राहत मिलने के कोई आसार नहीं हैं। दिन के साथ रात के समय भी उमस और गर्मी परेशान करेगी।

पंजाब में भीषण गर्मी का प्रकोप और बढ़ता तापमान
राज्य में पिछले कुछ दिनों से मौसमी दशाओं में भारी बदलाव देखा जा रहा है। वायुमंडल में शुष्क हवाओं के प्रभाव के कारण मैदानी इलाकों में सूरज की किरणों का सीधा असर पड़ रहा है। इस बदलाव से दिन के समय चलने वाली तेज हवाएं अब गर्म थपेड़ों में बदल चुकी हैं। लुधियाना सहित राज्य के अधिकांश हिस्सों में सुबह से ही तेज धूप के कारण जनजीवन प्रभावित होने लगा है। दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा पसरने लगा है क्योंकि लोग अत्यधिक गर्म माहौल के कारण बाहर निकलने से बच रहे हैं।

बठिंडा और फरीदकोट में रिकॉर्ड तोड़ तपश
मौसम विज्ञान केंद्र के हालिया आंकड़ों के अनुसार, राज्य के कुछ विशिष्ट जिलों में गर्मी ने पिछले कई रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। फरीदकोट और बठिंडा में अधिकतम तापमान बयालीस दशमलव छह डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जो इस सीजन में पूरे राज्य में सबसे अधिक दर्ज किया गया है। इन क्षेत्रों में रात के समय भी न्यूनतम तापमान में गिरावट नहीं हो रही है, जिससे रातें भी अत्यधिक गर्म और बेचैन करने वाली हो गई हैं। शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में बिजली की मांग बढ़ने के साथ-साथ पानी की खपत में भी भारी उछाल आया है।

मौसम विभाग का एक हफ्ते का गंभीर अलर्ट
आने वाले दिनों को लेकर मौसम वैज्ञानिकों ने जो पूर्वानुमान जारी किया है, वह काफी चिंताजनक है। आगामी अट्ठारह मई से लेकर बाईस मई तक पूरे क्षेत्र में तीव्र गति से गर्म हवाएं चलने की पूरी संभावना जताई गई है। इस समयावधि के दौरान तापमान में दो से तीन डिग्री की और बढ़ोतरी हो सकती है, जिससे लू का थपेड़ा और अधिक आक्रामक रूप ले लेगा। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने इस स्थिति को देखते हुए आम जनता को दोपहर के समय अनावश्यक रूप से खुले आसमान के नीचे जाने से बचने तथा शरीर में पानी की कमी न होने देने की विशेष सलाह दी है।

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