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विधायकों की बढ़ेगी तकनीकी दक्षता, बिहार में डिजिटल योजनाओं की निगरानी होगी आसान

 पटना
 विधानसभा द्वारा गुरुवार को आयोजित होने वाले प्रबोधन कार्यक्रम में विधायक डिजिटल तकनीक और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का प्रशिक्षण पाएंगे। कार्यक्रम में स्वागत संबोधन विधानसभा अध्यक्ष डा. प्रेम कुमार करेंगे।

इसके बाद मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी द्वारा मुख्यमंत्री क्षेत्र विकास योजना (एमकेवीआइ) से संबंधित वेब पोर्टल (प्रोजेक्ट मॉनीटरिंग इंफार्मेशन सिस्टम पोर्टल) का शुभारंभ किया जाएगा।

दो सत्रों में होगा विधायकों का प्रशिक्षण
विधानसभा के विस्तारित भवन स्थित ऑडिटोरियम में सुबह 11:00 बजे से अपराह्न 2:00 बजे तक दो सत्रों में यह प्रबोधन कार्यक्रम होगा।

इसमें विधायकों को डिजिटल तकनीक और एआइ से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दी जाएंगी। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी भी कार्यक्रम में विधायकों को संबोधित करेंगे।

विधानसभा अध्यक्ष ने तैयारियों का लिया जायजा
बुधवार को विधानसभा अध्यक्ष डा. प्रेम कुमार ने कार्यक्रम की तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि नवीन तकनीकों एवं डिजिटल प्रशासनिक प्रणालियों से जनप्रतिनिधियों का परिचित होना भी आवश्यक है। बदलते दौर में तकनीक की समझ जनप्रतिनिधियों के लिए उपयोगी साबित होगी।

डिजिटल सुशासन और पारदर्शिता पर जोर
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि यह कार्यक्रम विधायकों की तकनीकी दक्षता को सुदृढ़ करने के साथ डिजिटल सुशासन, पारदर्शिता, उत्तरदायित्व एवं परिणामोन्मुख विकास की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।

डिजिटल प्रणालियों की जानकारी से विधायक अपने विधायी और क्षेत्रीय दायित्वों को अधिक प्रभावी तरीके से निभा सकेंगे।

जनप्रतिनिधियों और प्रशासन में बेहतर समन्वय
उन्होंने कहा कि नई तकनीक से विधायी दायित्वों के निर्वहन की गुणवत्ता में वृद्धि होगी। साथ ही जनप्रतिनिधियों और प्रशासन के बीच तकनीक आधारित समन्वय और अधिक प्रभावी बनेगा।

डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से योजनाओं की निगरानी और प्रगति की जानकारी हासिल करना भी आसान होगा।

एमकेवीआइ पोर्टल से योजनाओं की निगरानी
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री क्षेत्र विकास योजना (एमकेवीआइ) से संबंधित प्रोजेक्ट मॉनीटरिंग इंफार्मेशन सिस्टम पोर्टल का शुभारंभ किया जाएगा।

इस पोर्टल के माध्यम से योजनाओं की निगरानी और उनकी प्रगति से जुड़ी जानकारी को डिजिटल माध्यम से व्यवस्थित करने में मदद मिलेगी।

इससे योजना क्रियान्वयन में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा।

 

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