लुप्त हो रहे वाद्य यंत्रों की प्रदर्शनी के माध्यम से नई पीढ़ी को मिला अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जुड़ने का अवसर
लखनऊ प्रदेश के जंगलों, पहाड़ों और नदियों के किनारे गूंजने वाली जनजातीय वाद्य यंत्रों की धुनें आज आधुनिक संगीत की चकाचौंध में खोती जा रही हैं। लेकिन, उत्तर प्रदेश का लोक एवं जनजातीय संस्कृति संस्थान इन धुनों को फिर से जीवंत करने की दिशा में लगातार प्रयास कर रहा है। जनजातीय सांस्कृतिक धरोहर को सहेजने…
