कुंभ को भव्य बनाने में जुटी धामी सरकार, संतों और धार्मिक संस्थाओं के शिविरों को जल्द मिलेगी भूमि
देहरादून/हरिद्वार। हरिद्वार की धरती पर जब कुंभ का आयोजन होता है, तो यह केवल एक धार्मिक मेला नहीं रहता, बल्कि आस्था, अध्यात्म, संस्कृति और परंपराओं का विराट संगम बन जाता है। देश के अलग-अलग हिस्सों से करोड़ों श्रद्धालु गंगा स्नान और संतों के दर्शन के लिए हरिद्वार पहुंचते हैं। वहीं साधु-संतों, अखाड़ों, आश्रमों और धार्मिक-सामाजिक…
