पटना.
गणतंत्र दिवस पर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने बिहार 22 पुलिस पदाधिकारी और कर्मियों के लिए पदक की घोषणा की है। तत्कालीन एसपी और वर्तमान डीजी कुंदन कृष्णन समेत तीन को गैलंट्री पदक देने की घोषणा हुई है। दो पुलिस पदाधिकारी को राष्ट्रपति का विशिष्ट पदक जबकि 17 पुलिस पदाधिकारी को सराहनीय सेवा के लिए पदक दिया गया है।
जिन तीन पदाधिकारी-कर्मी को गेलेंट्री मेडल मिला है। इनमें डीजी कुंदन कृष्णन, एसआई अर्जुन लाल और सिपाही जितेंद्र सिंह हैं। वहीं, विशिष्ट सेवाओं के लिए राष्ट्रपति पदक से दो पदाधिकारी सम्मानित हुए हैं। इनमें डीएसपी उमेश लाल रजक और एसआई नवरत्न कुमार शामिल हैं।
यह सम्मान राष्ट्रपति द्वारा घोषित किया जाता है और इसे पुलिस सेवा में लंबे समय तक अनुकरणीय कार्य के लिए प्रदान किया जाता है। इस सूची में वरिष्ठ अधिकारियों से लेकर फील्ड में कार्यरत जवानों तक को शामिल किया गया है, जो यह दर्शाता है कि बिहार पुलिस में हर स्तर पर किए गए बेहतर कार्यों को मान्यता दी जा रही है।
सम्मानित अधिकारियों में दलजीत सिंह, पुलिस महानिरीक्षक (आईजी), बिहार शामिल हैं। उनके साथ राजीव रंजन द्वितीय, सहायक महानिरीक्षक (एआईजी), और अजय कुमार पांडेय, कमांडेंट, बिहार सरहनीय सेवा पदक मिला है। इसके अलावा डीएसपी शैलेश मिश्रा, सब-इंस्पेक्टर मो. ऐनुल हक, ऋषिकेश कुमार, मनोज कुमार, निक्कू कुमार सिंह, तथा एएसआई नागेंद्र पांडेय को भी उनके उत्कृष्ट कार्यों के लिए सम्मानित किया गया है।
वहीं, जमीनी स्तर पर सेवा देने वाले हेड कांस्टेबल संजय कुमार सिंह, सुकड़ा उरांव, धर्मेंद्र कुमार, जवाहर लाल मंडल, उमेश कुमार सिंह, ओम प्रकाश, एमडी रफी और कांस्टेबल मनोज कुमार सिंह को भी मेरिटोरियस सर्विस मेडल प्रदान किया गया है। पुलिस मुख्यालय ने सभी सम्मानित अधिकारियों और कर्मियों को बधाई देते हुए कहा कि यह उपलब्धि पूरे बिहार पुलिस बल के लिए प्रेरणास्रोत है। यह सम्मान न सिर्फ व्यक्तिगत उपलब्धि है, बल्कि राज्य में कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करने की सामूहिक प्रतिबद्धता का प्रतीक भी है।
दो CBI अधिकारियों को सम्मान
केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की एंटी करप्शन ब्रांच, पटना में तैनात दो अधिकारियों को उनके उत्कृष्ट और सराहनीय सेवाओं के लिए पुलिस मेडल फार मेरिटोरियस सर्विस से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान उप पुलिस अधीक्षक (डीएसपी) रूबी चौधरी और हेड कांस्टेबल भोला राय को प्रदान किया गया। दोनों अधिकारियों ने भ्रष्टाचार के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई, जटिल मामलों की सफल जांच और संगठन के प्रति अनुकरणीय निष्ठा का परिचय दिया है।

