नई दिल्ली
कांग्रेस ने अफगानिस्तान की राजधानी काबुल के एक अस्पताल पर पाकिस्तान के हवाई हमले की मंगलवार को निंदा की और कहा कि इस तरह की बर्बरता को विश्व स्तर पर दृढ़ता से खारिज किया जाना चाहिए। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि कांग्रेस अफगानिस्तान के उन परिवारों के प्रति संवेदना प्रकट करती है जिन्होंने अपने प्रियजन को खोया है। उन्होंने 'एक्स' पर अपने पोस्ट में कहा, ''हम काबुल में एक अस्पताल पर पाकिस्तान द्वारा किए गए हवाई हमले के बाद जानमाल की भीषण क्षति से बहुत व्यथित हैं। इसमें लगभग 400 लोग मारे गए।'' कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा, ''हम मानवता के खिलाफ ऐसे कृत्यों की कड़े शब्दों में निंदा करते हैं। इस तरह की बर्बरता को विश्व स्तर पर दृढ़ता से खारिज किया जाना चाहिए और भारत को खुलकर अफगानिस्तान का समर्थन करना चाहिए।'
उन्होंने कहा, ''भारत, अफगानिस्तान के लोगों के साथ लंबे समय से मित्रता और सद्भावना का रिश्ता साझा करता है। इस कठिन क्षण में, हम अपने अफगान पड़ोसियों के साथ सहानुभूति जताते हैं और उनके राष्ट्र के लिए शांति और स्थिरता की कामना करते हैं।'' काबुल में एक अस्पताल पर पाकिस्तानी हवाई हमले में 400 लोगों की मौत हो गई। अफगानिस्तान के सरकारी उप प्रवक्ता ने मंगलवार सुबह यह जानकारी दी।
पाकिस्तान ने जिस अस्पताल पर हमला किया है वहां नशे के आदी लोगों का इलाज किया जाता था। अफगान सरकार के उप प्रवक्ता हमदुल्लाह फितरत ने 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, ''सोमवार रात हुए हमले में अस्पताल का बड़ा हिस्सा तबाह हो गया है। हमले में 400 लोग मारे गए हैं, जबकि 250 लोग घायल हुए हैं।''
भारत ने अफगानिस्तान की राजधानी काबुल में एक अस्पताल पर पाकिस्तान के हमले को कायरतापूर्ण और अमानवीय कृत्य बताते हुए इसकी कड़ी निंदा की है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने मंगलवार को एक बयान में कहा कि भारत सोमवार की रात काबुल के ओमिद नशा मुक्ति अस्पताल पर पाकिस्तान के बर्बर हवाई हमले की कड़ी निंदा करता है। यह हिंसा का एक कायरतापूर्ण और अमानवीय कृत्य है, जिसमें बड़ी संख्या में नागरिकों की जान चली गई। इस अस्पताल को किसी भी तरह से सैन्य लक्ष्य नहीं माना जा सकता है।
उन्होंने कहा कि पाकिस्तान अब इस नरसंहार को सैन्य अभियान का नाम देने की कोशिश कर रहा है। प्रवक्ता ने कहा कि पाकिस्तान द्वारा किया गया यह घृणित आक्रमण अफगानिस्तान की संप्रभुता पर एक स्पष्ट हमला है और क्षेत्रीय शांति तथा स्थिरता के लिए सीधा खतरा है। यह पाकिस्तान के लगातार लापरवाह व्यवहार और अपनी आंतरिक विफलताओं को सीमा पार हिंसा के बढ़ते हिंसक कृत्यों के माध्यम से छिपाने के बार-बार किए जाने वाले प्रयासों को दर्शाता है।

