मनेन्द्रगढ़/एमसीबी
बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना के अंतर्गत शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बेलबहरा में आज खेल एवं युवा दिवस का उत्साहपूर्ण आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बालिकाओं में आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता, खेल भावना और स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देना तथा उन्हें शिक्षा के साथ खेल के क्षेत्र में भी आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करना रहा। आयोजन में विद्यालय की बालिकाओं ने पूरे उत्साह और उमंग के साथ विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेकर अपनी खेल प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
कार्यक्रम का आयोजन कलेक्टर सु संतान देवी जांगड़े के निर्देशानुसार एवं जिला कार्यक्रम अधिकारी आदित्य शर्मा के मार्गदर्शन में किया गया। कार्यक्रम का संचालन महिला सशक्तिकरण केंद्र हब की जिला मिशन समन्वयक तारा कुशवाहा द्वारा किया गया। आयोजन के दौरान बालिकाओं के लिए कुर्सी दौड़, रस्साकस्सी, 100 मीटर दौड़, लंगड़ी दौड़ सहित विभिन्न मनोरंजक एवं प्रतिस्पर्धात्मक खेलों का आयोजन किया गया।

खेल प्रतियोगिताओं में बालिकाओं ने पूरे जोश और उत्साह के साथ भाग लिया। मैदान में बालिकाओं की उमंग, उत्साह और प्रतिस्पर्धा ने पूरे वातावरण को जीवंत बना दिया। खेलों के माध्यम से बालिकाओं ने न केवल अपनी शारीरिक क्षमता का प्रदर्शन किया, बल्कि टीम भावना, अनुशासन, आत्मविश्वास और एक-दूसरे का उत्साह बढ़ाने की भावना का भी परिचय दिया।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली बालिकाओं को प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने पर पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया। पुरस्कार प्राप्त करने वाली बालिकाओं के चेहरे पर खुशी और उत्साह साफ दिखाई दिया। आयोजकों ने अन्य छात्राओं को भी खेल गतिविधियों में निरंतर भाग लेने और अपनी प्रतिभा को निखारने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम में विधिक सेवा प्राधिकरण से अंजनी यादव, सखी वन स्टॉप सेंटर से प्रियंका राजवाड़े तथा महिला सशक्तिकरण केंद्र से अनीता कुमारी शाह ने सक्रिय सहभागिता निभाते हुए कार्यक्रम को सफल बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। इसके साथ ही विद्यालय प्रबंधन, शिक्षा विभाग तथा खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा भी आयोजन को सफल बनाने में पूर्ण सहयोग प्रदान किया गया।
कार्यक्रम के माध्यम से बालिकाओं को यह संदेश दिया गया कि शिक्षा के साथ-साथ खेल भी उनके सर्वांगीण विकास का महत्वपूर्ण हिस्सा है। खेल बालिकाओं में आत्मविश्वास, निर्णय लेने की क्षमता, अनुशासन और नेतृत्व कौशल विकसित करने का सशक्त माध्यम है। ऐसे आयोजन बेटियों को अपनी प्रतिभा पहचानने और समाज में आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करते हैं।
बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ के संदेश को खेल गतिविधियों से जोड़कर आयोजित इस कार्यक्रम ने बालिकाओं के बीच उत्साह और सकारात्मक ऊर्जा का संचार किया। आयोजन ने यह संदेश भी दिया कि बेटियों को अवसर और प्रोत्साहन मिले तो वे शिक्षा, खेल और जीवन के हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का परचम लहरा सकती हैं।
