जिलों में आयोजित शस्त्र-पूजन कार्यक्रमों में मंत्रीगण होंगे शामिल
भोपाल विजयादशमी (दशहरा) पर शस्त्र पूजन बुराई पर अच्छाई की, असत्य पर सत्य की विजय, शक्ति, साहस और कर्त्तव्यनिष्ठा के रूप मेंकिया जाता है। ऐसा माना जाता है कि भगवान राम ने रावण का वध करने से पहले अस्त्र-शस्त्रों की पूजा की थी, जिससे उन्हें विजय प्राप्त हुई थी। यह भारतीय परम्परा वर्तमान में भारतीय…
